रामगंगा नगर और ग्रेटर बरेली योजना के भूखंडों की नीलामी से प्राधिकरण को बड़ी आय, 126 हेक्टेयर में विकसित होगी औद्योगिक नगरी
बरेली। बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की ओर से मंगलवार को आयोजित भूखंड नीलामी शिविर में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। रामगंगा नगर आवासीय योजना और ग्रेटर बरेली आवासीय योजना के विभिन्न आवासीय और व्यावसायिक भूखंडों की नीलामी से प्राधिकरण को करीब 35 करोड़ रुपये की आय हुई।
बीडीए के नवीन कार्यालय भवन में आयोजित शिविर में विभिन्न श्रेणी और क्षेत्रफल के रिक्त भूखंडों की नीलामी की गई। आवासीय और व्यावसायिक दोनों प्रकार के भूखंडों के लिए लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। नीलामी प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्राधिकरण को लगभग 35 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
शिविर में बीडीए उपाध्यक्ष सौम्या पाण्डेय, सचिव वन्दिता श्रीवास्तव, मुख्य वित्त एवं लेखाधिकारी शिवधनी सिंह यादव, संयुक्त सचिव दीपक कुमार, विशेष कार्याधिकारी नीलम श्रीवास्तव और अजीत कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
अब इंडस्ट्रियल टाउनशिप पर फोक
बीडीए ने जिले में औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने के लिए एक बड़ी औद्योगिक टाउनशिप विकसित करने की योजना भी आगे बढ़ा दी है। उत्तर प्रदेश सरकार के एक ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए यह परियोजना तैयार की जा रही है।
प्राधिकरण के अनुसार तहसील बरेली के ग्राम रसूला चौधरी तथा तहसील मीरगंज के ग्राम भिटौरा नौगंवा उर्फ फतेहगंज पश्चिमी, चिटौली और रहपुरा जागीर में कुल 126.3043 हेक्टेयर भूमि आपसी सहमति से खरीदी जाएगी।
रोजगार और विकास को मिलेगा बढ़ावा
बीडीए अधिकारियों का कहना है कि प्रस्तावित औद्योगिक टाउनशिप से क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निवेश आकर्षित होगा। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। साथ ही सड़क, बिजली, पेयजल, जल निकासी और अन्य बुनियादी सुविधाओं का आधुनिक विकास होने से क्षेत्र के सुनियोजित शहरीकरण को भी बढ़ावा मिलेगा।














