बरेली: शहर के सबसे व्यस्त सैटेलाइट बस स्टैंड क्षेत्र की बिगड़ी यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने सोमवार को संयुक्त निरीक्षण किया. जांच में अवैध टैक्सी स्टैंड, सड़क किनारे अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और ऑटो-ई-रिक्शा के अनियंत्रित जमावड़े को जाम की मुख्य वजह माना गया. मौके पर सड़क पर खड़े वाहनों को हटवाकर यातायात सुचारु कराया गया और नियमों का उल्लंघन करने वालों को सख्त चेतावनी दी गई.
परिवहन आयुक्त के निर्देश पर चले इस अभियान में सैटेलाइट बस स्टैंड और पीलीभीत-बरेली बाईपास मार्ग का निरीक्षण किया गया. अधिकारियों ने पाया कि ठेले, फड़ और अस्थायी दुकानों के कारण सड़क का बड़ा हिस्सा घिरा हुआ है. वहीं ऑटो, ई-रिक्शा और टैक्सियों की अव्यवस्थित पार्किंग से आम लोगों को रोजाना जाम का सामना करना पड़ रहा है.
निरीक्षण के दौरान संयुक्त टीम ने सड़क और कैरिज-वे पर खड़े ऑटो, ई-रिक्शा, टैक्सी और अन्य हल्के वाहनों को हटवाया. साथ ही अनधिकृत टैक्सी स्टैंड संचालित करने वालों और अवैध पार्किंग करने वाले वाहन चालकों को भविष्य में नियमों का पालन करने की हिदायत दी गई.
ये दिए गए प्रमुख सुझाव
निरीक्षण के बाद टीम ने सैटेलाइट क्षेत्र में नो पार्किंग जोन और नो वेंडिंग जोन घोषित करने का सुझाव दिया. इसके अलावा सड़क संकेतक लगाने, अतिक्रमण के खिलाफ नियमित अभियान चलाने, ऑटो और टैक्सियों के लिए अलग सर्विस रोड विकसित करने, फ्लाईओवर के पास बैरिकेडिंग कराने और वैकल्पिक पार्किंग व स्पेशल होल्डिंग एरिया विकसित करने की भी सिफारिश की गई.
संयुक्त रिपोर्ट भेजी जाएगी
निरीक्षण में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) वैभव सोती, यात्री/मालकर अधिकारी रमेश चंद्र प्रजापति, यातायात पुलिस के उपनिरीक्षक लक्ष्मी चंद्र और कपिल यादव शामिल रहे. अभियान संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) प्रणव झा के निर्देशन में संचालित किया गया.
अधिकारियों ने बताया कि निरीक्षण के आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी. सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए भविष्य में भी ऐसे संयुक्त निरीक्षण और प्रवर्तन अभियान लगातार चलाए जाएंगे.













